करोड़ों की ठगी और रंगदारी मामले से परेशान थे प्रतीक यादव, पुलिस जांच जारी

लखनऊ। समाजवादी पार्टी संस्थापक स्वर्गीय Mulayam Singh Yadav के पुत्र प्रतीक यादव कथित तौर पर करोड़ों रुपये की ठगी और रंगदारी से जुड़े मामले को लेकर पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में थे। इस संबंध में उन्होंने लखनऊ के गौतमपल्ली थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत के अनुसार, चिनहट निवासी कृष्णानंद पांडेय ने रियल एस्टेट निवेश के नाम पर प्रतीक यादव से करोड़ों रुपये का निवेश कराया और उन्हें कंपनी का प्रमोटर बनाया। आरोप है कि जमीन खरीद-बिक्री और एग्रीमेंट से जुड़े सभी कार्य कृष्णानंद पांडेय स्वयं संभाल रहे थे।
प्रतीक यादव की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत में कहा गया था कि कई जमीनों की बिक्री के बावजूद निवेश की रकम का सही हिसाब नहीं दिया गया। साथ ही रुपये वापस मांगने पर उन्हें कथित तौर पर पॉक्सो एक्ट में फंसाने और फर्जी ऑडियो वायरल कर परिवार की छवि खराब करने की धमकी दी गई।
मामले में कृष्णानंद पांडेय, उनकी पत्नी वंदना पांडेय और पिता अशोक पांडेय पर लगभग चार करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप लगाया गया था। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है। वहीं, प्रतीक यादव के निधन के बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है।