पूर्व IAS अधिकारी ने अस्पताल पर बंधक बनाने का लगाया आरोप, पुलिस जांच में जुटी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश आईएएस एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष एवं 1978 बैच के सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी किशोर कुमार सिन्हा ने लखनऊ स्थित नोवा हॉस्पिटल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उपचार के दौरान उन्हें समय पर डिस्चार्ज नहीं किया गया और उनकी इच्छा के विरुद्ध अस्पताल में रोके रखा गया।
पूर्व आईएएस अधिकारी के अनुसार, उन्होंने अस्पताल से बाहर निकलने का प्रयास किया, लेकिन अस्पताल के कर्मचारियों एवं सुरक्षा कर्मियों द्वारा उन्हें दोबारा अस्पताल के भीतर ले जाया गया। इसके बाद उन्होंने आपातकालीन सेवा 112 पर कॉल कर पुलिस से मदद मांगी।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी ली। बताया जा रहा है कि पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
किशोर कुमार सिन्हा राज्य सतर्कता आयोग (स्टेट विजिलेंस कमीशन) एवं ट्रिब्यूनल के अध्यक्ष रह चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने राजस्व बोर्ड के सदस्य तथा प्रमुख सचिव राजस्व सहित कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक पदों पर कार्य किया है।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। अस्पताल प्रबंधन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
