निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से समझौता नहीं होगा, समयबद्ध पूरा हों सभी परियोजनाएं: जिलाधिकारी


जौनपुर। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में कार्यदायी संस्थाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें जनपद में संचालित विभिन्न निर्माणाधीन एवं पूर्ण परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। बैठक में जिलाधिकारी ने सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र धर्मापुर के पुनर्निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण कर लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता से विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। साथ ही मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) मड़ियाहूं का निर्माण कार्य पूर्ण होने पर संबंधित विभाग को शीघ्र हैंडओवर प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए। जल जीवन मिशन (शहरी) के अंतर्गत चल रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने वर्षा ऋतु से पूर्व क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत तथा खुले एवं क्षतिग्रस्त मैनहोलों को दुरुस्त कराने के निर्देश दिए, ताकि आमजन को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
बैठक में माँ शीतला चौकिया धाम मंदिर के सौंदर्यीकरण कार्य में तेजी लाने पर जोर देते हुए जिलाधिकारी ने श्रद्धालुओं की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी निर्माण स्थलों पर योजना का नाम, लागत, कार्यदायी संस्था एवं अन्य आवश्यक विवरणों से युक्त सूचना बोर्ड अनिवार्य रूप से लगाए जाएं।
जिलाधिकारी ने निर्माण स्थलों पर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए डेंजर बोर्ड, रिफ्लेक्टर एवं अन्य सुरक्षा उपकरण लगाने तथा कार्यों की नियमित निगरानी करने को कहा। उन्होंने श्रम कानूनों के पूर्ण अनुपालन पर भी बल दिया।
निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी ने सभी बड़े प्रोजेक्टों का थर्ड पार्टी निरीक्षण आईआईटी-बीएचयू एवं आईआईटी कानपुर जैसी संस्थाओं से कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। साथ ही ठेकेदारों को निर्धारित समय पर भुगतान सुनिश्चित करने को कहा, जिससे परियोजनाओं के क्रियान्वयन में कोई बाधा उत्पन्न न हो।
उन्होंने संबंधित नोडल अधिकारियों को प्रत्येक माह कम से कम दो बार निर्माण स्थलों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। इसके अलावा सभी कार्यस्थलों पर सरकारी योजनाओं की जानकारी का स्पष्ट प्रदर्शन, उचित बैरिकेडिंग, साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण तथा हरित क्षेत्र विकसित करने पर भी जोर दिया।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में संचालित सभी विकास परियोजनाओं को तय समयसीमा के भीतर पूर्ण कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस कार्य में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed

Verified by MonsterInsights