आरक्षण के मुद्दे पर संजय निषाद की BJP को चेतावनी, बोले- बात नहीं सुनी तो सत्ता से बाहर हो जाएगी भाजपा
लखनऊ। निषाद आरक्षण के मुद्दे को लेकर उत्तर प्रदेश की सियासत में हलचल तेज हो गई है। योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष संजय निषाद ने भाजपा को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर निषाद समाज की मांग नहीं सुनी गई तो भाजपा भी सत्ता से बाहर हो सकती है। उनके बयान के बाद यूपी की राजनीति में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
संजय निषाद ने 16 अगस्त को लखनऊ में आयोजित निषाद पार्टी के 11वें स्थापना दिवस समारोह में कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधित करते हुए कहा कि निषाद समाज लगातार अपने अधिकार और आरक्षण की मांग उठा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन दलों ने निषाद समाज की बात नहीं सुनी, उन्हें सत्ता से बाहर होना पड़ा।
उन्होंने मंच से कहा, “निषाद एक अपील करता है। निषाद की अपील हाथी, साइकिल और पंजा ने नहीं सुनी तो सत्ता से बाहर चले गए। अगर भाजपा भी नहीं सुनेगी तो भाजपा भी सत्ता से बाहर हो जाएगी।”
संजय निषाद ने कहा कि उनके पूर्वजों ने देश की आजादी में योगदान दिया और संविधान निर्माण में भी भूमिका निभाई। उन्होंने निषाद समाज के आरक्षण के मुद्दे को लेकर सरकार पर दबाव बढ़ाने का संकेत दिया है।
रिपोर्टों के मुताबिक, संजय निषाद ने आरक्षण के मुद्दे पर जरूरत पड़ने पर आंदोलन और धरने की चेतावनी भी दी है। उन्होंने यहां तक कहा है कि मांग पूरी कराने के लिए मंत्री पद छोड़ना पड़े तो वह उसके लिए भी तैयार हैं।
संजय निषाद के इस बयान को 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा और उसके सहयोगी दलों के बीच बढ़ते दबाव के तौर पर देखा जा रहा है। निषाद आरक्षण का मुद्दा आने वाले दिनों में यूपी की सियासत में कितना बड़ा रूप लेता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।