आकाश आनंद की बीएसपी में धमाकेदार वापसी, मायावती ने फिर सौंपी राष्ट्रीय संयोजक की कमान सितंबर में सभी पदों से हटाए गए थे आकाश आनंद, ससुर अशोक सिद्धार्थ के संन्यास के बाद बदले समीकरण; ईशान आनंद ने बिना पद के भी मिशनरी भावना से काम करने की जताई सहमति

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) की राजनीति में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिला है। पार्टी प्रमुख मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद की पार्टी में वापसी कराते हुए उन्हें दोबारा राष्ट्रीय संयोजक की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंप दी है। आकाश आनंद को सितंबर 2026 में अनुशासनहीनता और संगठनात्मक कारणों का हवाला देते हुए पार्टी की सभी जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया गया था। उस समय उनके छोटे भाई ईशान आनंद को राष्ट्रीय संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
पार्टी की जिम्मेदारियों से हटाए जाने के बाद 2 अक्टूबर को आकाश आनंद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर भावुक पोस्ट करते हुए मायावती से सार्वजनिक रूप से माफी मांगी थी। उन्होंने मायावती को अपना राजनीतिक गुरु बताते हुए बीएसपी को अपने लिए सिर्फ राजनीतिक दल नहीं, बल्कि परिवार बताया था। साथ ही उन्होंने दोबारा पार्टी के लिए काम करने का अवसर दिए जाने का अनुरोध किया था।
इसके बाद मायावती ने आकाश आनंद की वापसी को लेकर विस्तृत बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि उनका निजी परिवार ही नहीं, बल्कि पूरा बहुजन समाज उनका विराट परिवार है और उसका हित एवं कल्याण उनके लिए सर्वोपरि है। पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए उन्हें पिछले दिनों कई कड़े फैसले लेने पड़े और इस मामले में उनके अपने भाई-बहन तथा उनके परिवार के लोग भी अपवाद नहीं रहे।
मायावती ने कहा कि आकाश आनंद का व्यक्तित्व पार्टी में काफी हद तक ठीक रहा है, लेकिन कुछ कारणों से संगठन में बार-बार बदलाव करने पड़े। इसी क्रम में अंततः आकाश आनंद के ससुर अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास लेना पड़ा। मायावती के मुताबिक अशोक सिद्धार्थ के संन्यास के बाद आकाश आनंद के व्यक्तित्व और कार्यशैली में भी बदलाव देखने को मिला है, जिसका प्रमाण उनका हालिया माफी वाला सार्वजनिक पोस्ट है।
मायावती ने बताया कि आकाश आनंद के अनुरोध को स्वीकार करने के पक्ष में पार्टी के अधिकांश लोगों की राय रही। इस फैसले पर आकाश आनंद के पिता आनंद कुमार और छोटे भाई ईशान आनंद ने भी सहमति जताई।
ईशान आनंद की मायावती ने की तारीफ
मायावती ने विशेष रूप से ईशान आनंद की भूमिका की सराहना की। उन्होंने बताया कि ईशान ने मिशनरी भावना के साथ यह स्पष्ट किया है कि वे किसी पद पर न रहते हुए भी बहनजी के दिशा-निर्देशन में पार्टी और आंदोलन के लिए जो भी जिम्मेदारी दी जाएगी, उसे पूरी ईमानदारी और निष्ठा के साथ निभाएंगे।
मायावती ने कहा कि पार्टी और आंदोलन के हित में काफी सोच-विचार करने के बाद आकाश आनंद को पुनः राष्ट्रीय संयोजक बनाकर काम करने का अवसर दिया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब पार्टी में सब कुछ ठीक और सुचारू ढंग से चलेगा तथा बार-बार संगठनात्मक बदलाव की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आगे की स्थिति काफी हद तक आकाश आनंद के व्यवहार और कार्यशैली पर निर्भर करेगी।
अंत में मायावती ने आकाश आनंद, ईशान आनंद और आनंद कुमार को अपना प्यार और आशीर्वाद दिया तथा पिछले दिनों हर परिस्थिति में साथ देने के लिए बहुजन समाज के लोगों का आभार जताया।