छात्रों के मुद्दों पर विरोध तेज, राहुल गांधी व अखिलेश यादव की हिरासत के विरोध में सपा नेताओं का आक्रोश

खतौली (मुजफ्फरनगर)। नीट (NEET) सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के कथित प्रश्नपत्र लीक और शिक्षा व्यवस्था को लेकर देशभर में विरोध-प्रदर्शन तेज हो गया है। इसी क्रम में समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कड़ा विरोध जताया है।
समाजवादी पार्टी खतौली के नगर अध्यक्ष हाजी वसीम सिद्दीकी ने बयान जारी कर कहा कि छात्रों, युवाओं, किसानों, मजदूरों और अल्पसंख्यक समुदाय से जुड़े मुद्दों पर पार्टी का संघर्ष लगातार जारी रहेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनहित के मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।
वहीं सपा यूथ ब्रिगेड मुजफ्फरनगर के जिला उपाध्यक्ष अभिषेक गोयल (एडवोकेट) ने बताया कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया जा रहा था। आरोप है कि 20 जुलाई को संसद की ओर मार्च कर रहे छात्रों पर पुलिस और सुरक्षा बलों ने लाठीचार्ज किया, जिसमें कई छात्र घायल हो गए।
घायल छात्रों को न्याय दिलाने की मांग को लेकर 21 जुलाई को प्रधानमंत्री आवास के बाहर हुए विरोध-प्रदर्शन में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव भी शामिल हुए। इस दौरान दोनों नेताओं को हिरासत में लिए जाने की खबर से सपा कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।
अभिषेक गोयल ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने सपा नेताओं की आवाज दबाने के लिए नगर अध्यक्ष हाजी वसीम सिद्दीकी और उन्हें उनके आवास पर नजरबंद (हाउस अरेस्ट) कर दिया। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताते हुए कहा कि पार्टी जनहित के मुद्दों पर अपना संघर्ष जारी रखेगी।
सपा नेताओं ने अखिलेश यादव के प्रति समर्थन जताते हुए कहा कि छात्रों और युवाओं के अधिकारों के लिए पार्टी हर स्तर पर आवाज उठाती रहेगी।