❤️ जौनपुर के बेटे ने रचा इतिहास: यूपी के पहले सफल हार्ट ट्रांसप्लांट में राजकुमार यादव बने हीरो

जौनपुर/लखनऊ। उत्तर प्रदेश ने चिकित्सा क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। लखनऊ स्थित Sanjay Gandhi Postgraduate Institute of Medical Sciences (SGPGIMS) में राज्य का पहला सफल हार्ट ट्रांसप्लांट किया गया। इस जटिल सर्जरी में जौनपुर के गजेंद्रपुर गांव (बदलापुर) निवासी राजकुमार यादव की अहम भूमिका रही, जिससे जिले का नाम पूरे प्रदेश में रोशन हो गया।
🔹 गंभीर मरीज को मिली नई जिंदगी
करीब 40 वर्षीय महिला, जो गंभीर हृदय रोग से जूझ रही थी, इस सफल हार्ट ट्रांसप्लांट के बाद नया जीवन पा सकी। डॉक्टरों के अनुसार यह ऑपरेशन ही उसके जीवन का अंतिम विकल्प था।
🔹 दिल्ली से लखनऊ तक ‘ग्रीन कॉरिडोर’
इस ऑपरेशन के लिए हृदय दिल्ली के एक ब्रेन-डेड डोनर से प्राप्त किया गया। एयर एम्बुलेंस के जरिए इसे लखनऊ लाया गया और शहर में विशेष “ग्रीन कॉरिडोर” बनाकर समय पर अस्पताल पहुंचाया गया।
🔹 जौनपुर के राजकुमार यादव बने असली हीरो
परफ्यूजनिस्ट राजकुमार यादव और उनके साथी संदीप कुमार ने ऑपरेशन में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
उन्होंने:
हार्ट-लंग मशीन का संचालन किया
ऑपरेशन के दौरान शरीर में रक्त संचार बनाए रखा
सर्जरी के दौरान हृदय के कार्य को तकनीकी सहयोग दिया
सरल शब्दों में, जब मरीज का दिल कुछ समय के लिए बंद था, तब मशीन के जरिए जीवन को चलाए रखने की जिम्मेदारी राजकुमार यादव ने निभाई।
🔹 विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम का नेतृत्व
इस जटिल सर्जरी का नेतृत्व वरिष्ठ विशेषज्ञों ने किया, जिनमें प्रमुख रहे:
प्रो. एस.के. अग्रवाल
प्रो. शान्तनु पांडे
प्रो. मिलिंद होते
साथ ही कार्डियोलॉजी और एनेस्थीसिया विभाग की टीम ने भी अहम योगदान दिया।
🔹 सरकार ने दी बधाई
इस उपलब्धि पर Yogi Adityanath और Brijesh Pathak सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने SGPGIMS की टीम को बधाई दी और इसे प्रदेश के लिए ऐतिहासिक कदम बताया।
🔹 जौनपुर के लिए गर्व का पल
गजेंद्रपुर जैसे ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर राष्ट्रीय स्तर की इस उपलब्धि में योगदान देना राजकुमार यादव को एक प्रेरणास्रोत बनाता है।
📌 निष्कर्ष:
दिल्ली से आया दान किया गया हृदय, लखनऊ में सफल सर्जरी और जौनपुर के बेटे की भूमिका—यह कहानी अब पूरे पूर्वांचल के लिए गर्व और प्रेरणा का प्रतीक बन गई है।