25 वर्ष की जनसेवा: मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री तक नरेंद्र मोदी के 25 प्रमुख फैसलों पर एक नजर गुजरात के मुख्यमंत्री से भारत के प्रधानमंत्री तक का सफर, विकास, सुरक्षा, सामाजिक योजनाओं और नीतिगत बदलावों के जरिए बनाई अलग पहचान

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में निरंतर जनसेवा के 25 वर्ष पूरे होने का अवसर समर्थकों और भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए गर्व का विषय है। नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाली और 2014 में देश के प्रधानमंत्री बने। इस दौरान उनके नेतृत्व में कई महत्वपूर्ण योजनाएं, नीतियां और बड़े फैसले लिए गए, जिन्होंने देश की राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक योजनाओं और प्रशासनिक व्यवस्था को प्रभावित किया।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थकों की ओर से उन्हें 25 वर्षों की जनसेवा के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं दी जा रही हैं। मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल के 25 प्रमुख फैसलों और पहलों पर एक नजर—
गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में
1. भुज भूकंप के बाद पुनर्निर्माण
2001 के विनाशकारी भुज भूकंप के बाद कच्छ और भुज क्षेत्र में बड़े पैमाने पर पुनर्निर्माण एवं बुनियादी ढांचे के विकास का कार्य किया गया।
2. ज्योतिग्राम योजना
ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि और घरेलू बिजली आपूर्ति के लिए अलग-अलग फीडर व्यवस्था विकसित करने की दिशा में ज्योतिग्राम योजना लागू की गई।
3. सुजलाम सुफलाम योजना
जल संरक्षण, नहरों और चेकडैम के निर्माण के माध्यम से सूखाग्रस्त क्षेत्रों में सिंचाई और जल उपलब्धता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
4. वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट
2003 में शुरू हुए वाइब्रेंट गुजरात निवेश सम्मेलन के जरिए राज्य में घरेलू और विदेशी निवेश आकर्षित करने की कोशिश को संस्थागत रूप दिया गया।
5. सानंद में टाटा नैनो परियोजना
2008 में टाटा मोटर्स की नैनो परियोजना गुजरात के सानंद में आई, जिससे राज्य के ऑटोमोबाइल एवं औद्योगिक क्षेत्र को बढ़ावा मिला।
प्रधानमंत्री के रूप में
6. प्रधानमंत्री जन-धन योजना
बैंकिंग सुविधाओं से वंचित लोगों को औपचारिक बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ने के लिए प्रधानमंत्री जन-धन योजना शुरू की गई।
7. स्वच्छ भारत मिशन
2014 में शुरू किए गए स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्वच्छता और शौचालय निर्माण को देशव्यापी जनअभियान का रूप दिया गया।
8. मेक इन इंडिया और डिजिटल इंडिया
विनिर्माण, निवेश और डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देने के लिए मेक इन इंडिया और डिजिटल इंडिया जैसी पहलों को आगे बढ़ाया गया। इसी दौर में भारत का डिजिटल भुगतान ढांचा भी तेजी से विस्तारित हुआ।
9. नीति आयोग का गठन
2015 में योजना आयोग की जगह नीति आयोग का गठन किया गया, जिसका उद्देश्य नीति निर्माण में राज्यों की भागीदारी और सहकारी संघवाद को बढ़ावा देना था।
10. सर्जिकल स्ट्राइक और बालाकोट एयरस्ट्राइक
2016 की सर्जिकल स्ट्राइक और 2019 की बालाकोट एयरस्ट्राइक को आतंकवाद के खिलाफ भारत की सुरक्षा नीति में महत्वपूर्ण घटनाओं के रूप में देखा गया।
11. नोटबंदी
नवंबर 2016 में ₹500 और ₹1,000 के पुराने नोटों को चलन से बाहर करने का निर्णय लिया गया। सरकार ने इसके पीछे काले धन, जाली मुद्रा और आतंकवाद की फंडिंग पर रोक लगाने जैसे उद्देश्यों को प्रमुखता से रखा।
12. वस्तु एवं सेवा कर यानी GST
2017 में GST लागू कर देश की अप्रत्यक्ष कर व्यवस्था को एकीकृत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया।
13. आयुष्मान भारत
2018 में शुरू आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से पात्र परिवारों को स्वास्थ्य बीमा/उपचार कवर उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई।
14. पीएम-किसान सम्मान निधि
2019 में शुरू प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत पात्र किसानों को प्रत्यक्ष लाभ अंतरण के माध्यम से सालाना ₹6,000 की सहायता देने की व्यवस्था की गई।
15. अनुच्छेद 370 में बदलाव
2019 में जम्मू-कश्मीर से संबंधित संवैधानिक व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए अनुच्छेद 370 के अधिकांश प्रावधानों को समाप्त किया गया और राज्य का पुनर्गठन किया गया।
16. तीन तलाक कानून
2019 में मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम के जरिए तत्काल तीन तलाक को कानूनी अपराध बनाया गया।
17. नागरिकता संशोधन अधिनियम
2019 में पारित CAA में पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई समुदाय के पात्र लोगों के लिए भारतीय नागरिकता प्राप्त करने का विशेष प्रावधान किया गया।
18. चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ का पद
2019 में CDS पद का सृजन किया गया, जिसका उद्देश्य तीनों सेनाओं के बीच बेहतर समन्वय और संयुक्तता को मजबूत करना था।
19. नई शिक्षा नीति-2020
34 वर्ष बाद नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति लाई गई। इसमें 5+3+3+4 संरचना सहित शिक्षा व्यवस्था में कई महत्वपूर्ण बदलाव प्रस्तावित किए गए।
20. कोविड टीकाकरण और मुफ्त खाद्यान्न
कोरोना महामारी के दौरान देशव्यापी टीकाकरण अभियान चलाया गया। साथ ही प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत करोड़ों लाभार्थियों को मुफ्त खाद्यान्न उपलब्ध कराया गया।
21. अयोध्या में राम मंदिर निर्माण
सुप्रीम कोर्ट के नवंबर 2019 के फैसले के बाद अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हुआ। 2020 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन किया।
22. अग्निपथ योजना
2022 में सशस्त्र बलों में युवाओं की भर्ती के लिए अग्निपथ योजना शुरू की गई। इसके तहत अग्निवीरों की निर्धारित अवधि के लिए भर्ती का प्रावधान किया गया।
23. नारी शक्ति वंदन अधिनियम
2023 में संसद ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित किया, जिसमें लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई आरक्षण का प्रावधान किया गया। इसका क्रियान्वयन परिसीमन और संबंधित संवैधानिक प्रक्रिया से जुड़ा है।
24. नया संसद भवन और कर्तव्य पथ
2023 में नए संसद भवन का उद्घाटन हुआ। इसी अवधि में सेंट्रल विस्टा परियोजना के तहत राजपथ का नाम बदलकर कर्तव्य पथ किया गया और क्षेत्र का पुनर्विकास किया गया।
25. भारत की G20 अध्यक्षता
2023 में भारत ने G20 की अध्यक्षता की। नई दिल्ली शिखर सम्मेलन के दौरान अफ्रीकी संघ को G20 का स्थायी सदस्य बनाने पर सहमति बनी, जिसे भारत की कूटनीतिक उपलब्धियों में प्रमुखता से गिना गया।
राष्ट्र निर्माण की दिशा में आगे भी लंबा सफर
नरेंद्र मोदी के मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन में इन फैसलों के अलावा भी अनेक योजनाएं और नीतियां लागू हुई हैं। समर्थकों का मानना है कि इन पहलों ने भारत को आत्मनिर्भर, डिजिटल, आधुनिक और विकसित राष्ट्र की दिशा में आगे बढ़ाने में भूमिका निभाई है।
25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा के इस पड़ाव पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को समर्थकों की ओर से हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी गईं। साथ ही विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए आगे भी निरंतर प्रयास जारी रखने की अपेक्षा जताई गई।