कलेक्ट्रेट में जन सुविधा केन्द्र का शुभारंभ, शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर




जौनपुर। दिनांक 01-07-2026 को जिलाधिकारी की जनसुनवाई के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में आमजन की शिकायतों के त्वरित पंजीकरण एवं प्रभावी निस्तारण के उद्देश्य से जन सुविधा केन्द्र की स्थापना की गई। जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा फीता काटकर इस केन्द्र का शुभारंभ किया गया।
जिलाधिकारी ने बताया कि यह जन सुविधा केन्द्र आमजन और प्रशासन के बीच एक महत्वपूर्ण सेतु का कार्य करेगा। यहां प्राप्त होने वाली शिकायतों का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा। यह केन्द्र प्रतिदिन प्रातः 8:00 बजे से रात्रि 10:00 बजे तक संचालित रहेगा। इसके संचालन हेतु रोस्टर के अनुसार कर्मचारियों की तैनाती की गई है, जिसमें राजस्व एवं पुलिस विभाग से दोनों पालियों में दो-दो कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है।
उन्होंने बताया कि यह केन्द्र विशेष रूप से शनिवार और रविवार को अधिक सक्रिय रहेगा, क्योंकि अवकाश के दौरान भूमि कब्जे से संबंधित शिकायतें अधिक प्राप्त होती हैं। आपातकालीन मामलों में शिकायत दर्ज कर व्हाट्सएप के माध्यम से लेखपाल एवं कानूनगो को तत्काल प्रेषित की जाएगी, ताकि मौके पर ही निस्तारण सुनिश्चित किया जा सके। साथ ही शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण कर आवेदकों से फीडबैक भी लिया जाएगा। दो पक्षों के विवादों की सुनवाई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से करने की व्यवस्था भी की जा रही है, जिसकी निगरानी स्वयं जिलाधिकारी द्वारा की जाएगी।
जिलाधिकारी ने केन्द्र पर तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक शिकायत का तिथि-वार रजिस्टर एवं डिजिटल अभिलेखीकरण अनिवार्य रूप से किया जाए तथा उसकी दैनिक प्रगति अद्यतन रखी जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निस्तारण में राजस्व एवं पुलिस विभाग के बीच समन्वय अत्यंत आवश्यक है। भूमि विवाद, अवैध कब्जा, दीवार निर्माण एवं अन्य संवेदनशील मामलों में शिकायत प्राप्त होते ही संयुक्त टीम मौके पर पहुंचेगी, जिससे किसी प्रकार की देरी न हो और निष्पक्ष समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जन सुविधा केन्द्र पर कार्यरत कर्मचारियों को संबंधित विभागों के अधिकारियों से सीधे समन्वय स्थापित करने का पूर्ण अधिकार होगा। यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी शिकायतों के निस्तारण में सहयोग नहीं करता, फोन नहीं उठाता या अनावश्यक विलंब करता है, तो उसका विवरण रजिस्टर में दर्ज किया जाएगा और उसके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि शिकायतों का विवरण रजिस्टर के साथ-साथ एक्सेल शीट में भी तिथि-वार दर्ज किया जाए, ताकि समीक्षा के दौरान लंबित प्रकरणों की स्थिति स्पष्ट हो सके और संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
इस अवसर पर जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पूर्ण जिम्मेदारी, संवेदनशीलता एवं समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए, ताकि आमजन को त्वरित राहत मिल सके और शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जा सके।
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